
Prithbi Raj Singh
Education
About me
मैं एक शिक्षक हूँ और मेरा विश्वास है कि “हर बच्चे में प्रतिभा है, जरूरत है तो उसे पहचानने, सही दिशा देने और अवसर उपलब्ध कराने की।” वर्ष 2014 से शिक्षण सेवा में रहते हुए मेरा निरंतर प्रयास रहा है कि ग्रामीण एवं सामान्य पृष्ठभूमि के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ-साथ प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए आवश्यक मार्गदर्शन और आत्मविश्वास भी मिले।
वर्तमान में सर्वोदय मध्य विद्यालय, रामगढ़ा, दरौंदा, सिवान (बिहार) में कार्यरत हूँ। मेरी शैक्षिक पहल का मूल मंत्र है—
“पढ़ाई से प्रतियोगिता तक : ग्रामीण शिक्षा में नवाचारी हस्तक्षेप”
विद्यालयी शिक्षा को केवल पाठ्यपुस्तकों तक सीमित न रखते हुए विद्यार्थियों को NMMSS, नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा, श्रेस्ठा एवं अन्य छात्रवृत्ति/प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए जागरूक एवं तैयार करने पर विशेष ध्यान देता हूँ। दैनिक अभ्यास, प्रश्नोत्तरी, मॉडल पेपर, विषयवार तैयारी, परीक्षा रणनीति और व्यक्तिगत मार्गदर्शन के माध्यम से विद्यार्थियों में तार्किक सोच, आत्मविश्वास और प्रतियोगी दृष्टिकोण विकसित करने का प्रयास करता हूँ।
NMMSS जागरूकता एवं मार्गदर्शन मेरे कार्य का एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है। ग्रामीण विद्यार्थियों एवं अभिभावकों को परीक्षा की जानकारी से लेकर आवेदन प्रक्रिया, छात्रवृत्ति, NSP तथा आगे की प्रक्रिया तक आवश्यक मार्गदर्शन उपलब्ध कराने का प्रयास किया है। अनेक विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति एवं प्रतियोगी परीक्षाओं तक पहुँचाने का अनुभव मेरे लिए केवल उपलब्धि नहीं, बल्कि एक शिक्षक के रूप में प्रेरणा है।
Teachers of Bihar के साथ जुड़कर मेरा प्रयास व्यक्तिगत विद्यालय की सीमाओं से आगे बढ़कर सामूहिक शैक्षिक सहयोग को मजबूत करना है। विशेष रूप से Teachers of Bihar Exam Cell के माध्यम से विद्यार्थियों एवं शिक्षकों के लिए परीक्षा संबंधी जानकारी, अभ्यास सामग्री, मॉडल पेपर, प्रश्नोत्तरी, वीडियो एवं डिजिटल शैक्षिक संसाधनों को एक मंच पर उपलब्ध कराने की दिशा में सक्रिय योगदान दे रहा हूँ।
मेरा मानना है कि ग्रामीण प्रतिभा को अवसर मिल जाए तो वह किसी भी मंच पर अपनी पहचान बना सकती है। इसलिए मेरा लक्ष्य केवल अच्छे अंक दिलाना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को “सीखने, सोचने, प्रयास करने और सफलता प्राप्त करने” के लिए तैयार करना है।
मेरे लिए शिक्षक होना केवल एक नौकरी नहीं, बल्कि प्रतिभाओं को पहचानकर उनके सपनों को दिशा देने की जिम्मेदारी है।
“एक शिक्षक → एक विद्यार्थी → एक अवसर → एक नई सफलता”
इसी विचार के साथ शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर सीखने, सिखाने और बदलाव लाने का प्रयास जारी है।